Saturday, 3 December 2022

Vande Bharat Express की चपेट में आ रहे मवेशियों से रेलवे चौंकन्ना, मुंबई-अहमदाबाद रेल मार्ग पर 264 करोड़ रुपये से बनेगी बाड़


गुजरात के उदवाड़ा और वापी रेलवे स्टेशन के बीच गुरुवार (1 दिसंबर) को वंदे भारत एक्सप्रेस की चपेट में एक मवेशी आने के बाद, रेलवे चौकन्ना हो गई है. इसके अलावा भी और हादसों को देखते हुए पश्चिम रेलवे अब रेल मार्ग पर बाड़ बनवाने जा रही है.


पश्चिम रेलवे ने शुक्रवार (2 दिसंबर) को कहा कि वह अगले साल मई तक मुंबई-अहमदाबाद रेल मार्ग (Mumbai-Ahmedabad Rail Route) पर बाड़ लगाएगा ताकि जानवरों को पटरियों पर आने से रोका जा सके. 


पश्चिम रेलवे के महाप्रबंधक ने दी ये जानकारी


मुंबई-अहमदाबाद वंदे भारत एक्सप्रेस ट्रेन 30 सितंबर को शुरू हुई थी और उसके बाद से चार बार मवेशी इसकी चपेट में आ चुके हैं. पश्चिम रेलवे ने इन घटनाओं को गंभीरता से लिया है और बाड़ बनाने की ठानी है.


पश्चिम रेलवे के महाप्रबंधक अशोक कुमार मिश्रा ने मुंबई के चर्चगेट स्थित रेलवे जोन मुख्यालय में एक संवाददाता सम्मेलन को संबोधित करते हुए कहा कि 620 किलोमीटर लंबे रेल मार्ग पर बाड़ लगाने के लिए निविदाएं आमंत्रित की गई हैं. उन्होंने कहा कि इस कार्य पर 264 करोड़ रुपये खर्च होने का अनुमान है.


वंदे भारत एक्सप्रेस के हादसे


वंदे भारत एक्सप्रेस देश की सेमी हाई स्पीड ट्रेन है. गुरुवार को एक मवेशी के चपेट में आ जाने से ट्रेन के अगले हिस्से में हल्की खरोंच आई थी. एक अधिकारी ने यह जानकारी दी थी. वंदे भारत एक्सप्रेस के इस रूट पर शुरू होने के बाद से यह चौथा हादसा था जब मवेशी इसकी चपेट मे आया हो. पश्चिम रेलवे के मुख्य जनसंपर्क अधिकारी सुमित ठाकुर ने जानकारी दी थी कि हादसे के चलते परिचालन संबंधी दिक्कत नहीं आई. हादसे के कुछ ही मिनट बाद शाम 6:35 बजे ट्रेन रवाना हो गई थी.


इससे पहले आठ नवंबर को गुजरात आणंद रेलवे स्टेशन के पास एक 54 वर्षीय महिला बीट्राइस आर्किबाल्ड पीटर ट्रैक पार करते वक्त ट्रेन की चपेट में आ गई थी. इससे महिला की मौत हो गई थी. 29 अक्टूबर को वलसाड के अतुल में एक बैल ट्रेन की चपेट में आ गया था. इससे ट्रेन का अगला हिस्सा (नोज) टूट गया था. सात अक्टूबर को आणंद के पास एक गाय ट्रेन के टकरा गई थी. छह अक्टूबर को मुंबई से अहमदाबाद जा रही वंदे भारत एक्सप्रेस की चपेट में भैंसों का एक झुंड आ गया था. हादसा मणिनगर स्टेशन के पास हुआ था. इससे ट्रेन का अगला हिस्सा क्षतिग्रस्त हो गया था. हादसे में चार भैंसों की जान चली गई थी.

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