Thursday, 17 November 2022

‘राहुल गांधी के सावरकर वाले बयान से सहमत नहीं हूं’: उद्धव ठाकरे

कांग्रेस नेता राहुल गांधी (Rahul Gandhi) ने भारत जोड़ो यात्रा (Bharat Jodo Yatra) के दौरान स्वतंत्रता सेनानी सावरकर (Veer Savarkar) को लेकर विवादित बयान दिया था। इसके बाद से हर कोई उनकी आलोचना कर रहा है। इस बीच शिवसेना पार्टी के प्रमुख उद्धव ठाकरे ने भी इस संबंध में अपनी राय व्यक्त की है। उद्धव ठाकरे ने कहा है कि, ‘वह राहुल गांधी के बयान से सहमत नहीं हैं।’ उद्धव ठाकरे मुंबई के शिवाजी पार्क में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित कर रहे थे।


आज बालासाहेब ठाकरे (Balasaheb Thackeray) की दसवीं बरसी है। इस मौके पर उद्धव ठाकरे ने अपने पूरे परिवार के साथ शिवाजी पार्क स्थित स्मारक का दौरा किया। बालासाहेब की स्मृति को प्रणाम करने के बाद उद्धव ठाकरे (Uddhav Thackeray) बालासाहेब पर आधारित कला प्रदर्शनी में शामिल हुए। यहां आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में उद्धव ठाकरे ने कई मुद्दों पर टिप्पणी की।


उद्धव ठाकरे (Uddhav Thackeray) ने कहा, “मैं सावरकर के बारे में राहुल गांधी के बयान से सहमत नहीं हूं। मैं आज भी यह स्पष्ट करना चाहता हूं कि सावरकर के लिए हमारे मन में सम्मान, प्यार और स्नेह है। यह कभी नहीं मिटेगा। लेकिन जो लोग स्वतंत्रता संग्राम से दूर थे, उनके पास स्वतंत्रता सेनानी के बारे में बात करने का कोई अधिकार नहीं है। स्वतंत्रता संग्राम में आपके कितने कार्यकर्ता हैं, पहले देखें फिर सावरकर के बारे में बात करें।”


उन्होंने आगे कहा,”बीजेपी को हमें विचारधारा और स्थिति के बारे में नहीं सिखाना चाहिए। जिन्होंने पीडीपी के साथ गठबंधन किया है, उन्हें हमसे सवाल नहीं करना चाहिए। वास्तव में, देश अब फिर से गुलामी को ओर बढ़ रहा है। डॉ. बाबासाहेब अंबेडकर द्वारा लिखित एक घटना रहेगी की नहीं  इस पर संदेह हो रहा है। इसके खिलाफ संघर्ष करना जरूरी हो गया है। क्योंकि ये लोग पूरे देश पर नियंत्रण चाहते हैं।”


राहुल गांधी (Rahul Gandhi) ने कहा था कि,”सावरकर दो-तीन साल तक अंडमान की जेल में रहे। उसके बाद उन्होंने अंग्रेजों को माफी के पत्र भेजने शुरू कर दिए। बाद में, सावरकर ने अपने बारे में एक अलग नाम से एक किताब लिखी और बताया कि वह कितने बहादुर थे। सावरकर को पेंशन मिलती थी।  वह अंग्रेजों के लिए कांग्रेस पार्टी के खिलाफ काम करते थे।

Lorem ipsum is simply dummy text of the printing and typesetting industry.