Thursday, 13 October 2022

Maharashtra : उद्धव ठाकरे ने चुनाव चिह्न आवंटन पर लगाया भेदभाव का आरोप, EC को लिखी चिट्ठी

'शिवसेना - उद्धव बालासाहेब ठाकरे' के प्रमुख और महाराष्ट्र के पूर्व मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे ने चुनाव चिह्न और पार्टी के नाम पर पक्षपात करने का आरोप लगाते हुए चुनाव आयोग को 4 पेज की चिट्ठी लिखी है. बताया जा रहा है कि उद्धव ठाकरे ने 12 बिंदुओं में अपनी बात कही है और चुनाव आयोग पर गंभीर आरोप लगाया.


उद्धव ठाकरे ने चुनाव आयोग पर क्या लगाया आरोप


उद्धव ठाकरे का आरोप है कि एकनाथ शिंदे गुट की पार्टी और चुनाव चिह्न की लिस्ट सामने आने से पहले ही चुनाव आयोग ने उनके गुट की पार्टी का नाम और चुनाव चिह्न को अपने वेबसाइट में शेयर कर दिया. जिससे शिंदे गुट को नकल करने का पूरा मौका मिल गया. मालूम हो चुनाव आयोग ने उद्धव ठाकरे गुट को पहले पार्टी का नाम और चुनाव चिह्न आवंटित किया था और शिंदे गुट को एक दिन के बाद मिला था. क्योंकि शिंदे गुट ने पहले जो नाम और चिह्न की सूची सौंपी थी, उसे चुनाव आयोग ने खारिज कर दिया था.


उद्धव ठाकरे गुट का आरोप, शिंदे गुट की ओर से सुझाये गये कोई भी नाम वेबसाइट में नहीं डाला गया


उद्धव ठाकरे ने एक और आरोप लगाया है कि उन्होंने जो नाम और चिह्न चुनाव आयोग को सौंपे थे, उसी को शिंदे गुट ने भी चुना. ठाकरे ने यह भी आरोप लगाया कि बाद में चुनाव आयोग की वेबसाइट से डिलीट कर दिया गया. उन्होंने एक और आरोप लगाया कि शिंदे गुट के सुझाये किसी भी नाम को चुनाव आयोग ने अपनी वेबसाइट में अपलोड नहीं किया. उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि उन्होंने जो सुझाव आयोग को दिये, वहीं शिंदे गुट ने भी दिये, जिससे उन्हें उनके पसंद की पार्टी का नाम और चुनाव चिह्न नहीं मिल पाया.


शिवसेना के शिंदे खेमे को चुनाव चिह्न के रूप में ‘दो तलवार और एक ढाल' मिला


मालूम हो निर्वाचन आयोग (ईसी) ने महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे के नेतृत्व वाले शिवसेना के धड़े को चुनाव चिह्न के रूप में दो तलवार और एक ढाल का निशान आवंटित किया. एकनाथ शिंदे के नेतृत्व वाले गुट को 'बालासाहेबंची शिवसेना' नाम दिया गया है. यह धड़ा अगर अंधेरी पूर्व विधानसभा सीट के लिए तीन नवंबर को होने वाले उपचुनाव में उतरने का फैसला करता है तो वह ‘दो तलवार और एक ढाल' चुनाव चिह्न का उपयोग कर सकेगा.


उद्धव ठाकरे के नेतृत्व वाली शिवसेना को ‘मशाल' चुनाव चिन्ह


निर्वाचन आयोग ने उद्धव ठाकरे के नेतृत्व वाली शिवसेना को ‘मशाल' चुनाव चिन्ह आवंटित किया है. आयोग ने धार्मिक अर्थों का हवाला देते हुए चुनाव चिन्ह के रूप में 'त्रिशूल' की मांग करने के उद्धव गुट के दावे को खारिज कर दिया था. चुनाव आयोग ने उद्धव ठाकरे गुट को 'शिवसेना - उद्धव बालासाहेब ठाकरे' नाम आवंटित किया.

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