Thursday, 25 August 2022

भाइयों ने रची बहन के कत्ल की साजिश! कनाडा से भारत आई महिला डॉक्टर की संपत्ति के लालच में बर्बर हत्या, न्याय की तलाश

वैंकूवर : संपत्ति विवाद को लेकर दो दशक पहले मुंबई में एक शीर्ष भारतीय-कनाडाई महिला डॉक्टर की भाड़े के हमलावरों ने बेरहमी से हत्या कर दी थी। उनके परिवार को अब न्याय मिल सकता है, क्योंकि प्रसिद्ध वकील उज्ज्वल निकम ने इस मामले को अपने हाथ में लिया है। 62 वर्षीय आशा गोयल प्रसूति और स्त्री रोग विशेषज्ञ थीं। उन्होंने 10,000 से अधिक महिलाओं का प्रसव करवाया था और कनाडा में 50,000 से अधिक सर्जरी की थी। उनकी हत्या अगस्त 2003 में मुंबई के मालाबार हिल्स के पास उनके पैतृक घर में कर दी गई थी।


आशा, जो उस समय ओंटारियो के ऑरेंजविले में काम कर रही थीं, पारिवारिक संपत्ति विवाद के सिलसिले में मुंबई गई थीं। आशा के बेटे संजय गोयल ने न्यूज एजेंसी आईएएनएस को बताया कि उनकी मां अपने भाई सुरेश अग्रवाल से मिलने मुंबई गई थीं, उसी दौरान उनकी हत्या कर दी गई। उन्होंने कहा कि सुरेश अग्रवाल ने टोरंटो निवासी अपने भाई सुभाष अग्रवाल के साथ 12 करोड़ डॉलर की विवादित विरासत पर अपनी बहन को मारने की साजिश रची।


बर्बर तरीके से की गई हत्या

सुरेश की मृत्यु हो गई है, लेकिन सुभाष इंटरपोल का रेड नोटिस पाने के बावजूद टोरंटो भाग गया था। वह अभी भी भारत में वांछित आरोपी है। संजय गोयल ने कहा, 'मेरी मां पर सब्जी के चाकू और ग्रेनाइट के स्लैब से हमला किया गया था। उन्हें अंधा कर दिया गया था, और उनकी हत्या से पहले उनकी गर्दन टूट गई थी। उनके शरीर पर 21 चोट के निशान थे।' हत्या के आरोप में चार लोगों को गिरफ्तार किया गया है।


कई बार करना पड़ा कनाडा से भारत का सफर

इनमें से तीन अग्रवाल बंधुओं के कर्मचारी थे, जबकि चौथा सुरेश अग्रवाल का दामाद था। संजय गोयल ने बताया, 'इस मामले को जिंदा रखने के लिए हमें दर्जनों बार भारत का दौरा करना पड़ा। आखिरकार निकम के वकील के रूप में मामले को पुनर्जीवित किया गया है और हमें उम्मीद है कि न्याय होगा। हम भारत से न्याय चाहते हैं।' जहां एक आरोपी की मौत हो चुकी है, वहीं दूसरा गवाह बन गया है। बाकी दो का अब ट्रायल होगा।

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