Wednesday, 10 August 2022

संजय राउत के करीबी, पात्रा चॉल घोटाले में बड़ा किरदार, परदे के पीछे से काम करते हैं प्रवीण राउत!


मुंबई: शिवसेना के सांसद संजय राउत पात्रा चॉल घोटाले के मामले में फिलहाल ईडी की गिरफ्त में हैं। राउत पर जमीन के लेनदेन में करोड़ों की हेराफेरी करने का आरोप है। ईडी का दावा है कि उसके पास इस लेनदेन के सबूत भी हैं। वहीं अपनी सफाई में संजय राउत (Sanjay Raut) इस पूरी प्रक्रिया को राजनीति से प्रेरित बता रहे हैं। यह राष्ट्रीय राजनीति में चर्चा का मुद्दा बना हुआ है, जिसको लेकर संसद के अंदर भी हंगामा देखने को मिला। लेकिन इन आरोप-प्रत्यारोपों के बीच एक और नाम सामने आया, जो अभी खासा सुर्खियों में है। यह नाम है प्रवीण राउत का। दरअसल ईडी की जांच में दावा किया गया है कि संजय राउत ने इसी शख्स के जरिए अवैध लेन-देन किया है। पात्रा चॉल घोटाले (Patra Chawl Land Scam) की जांच में जुटी ईडी ने प्रवीण राउत (Praveen Raut) को भी अपने शिकंजे में लिया है और गिरफ्तार कर उनकी करोड़ों की संपत्ति सील कर दी है।


संजय राउत के करीबी माने जाते हैं प्रवीण राउत

प्रवीण राउत के बारे में कहा जाता है कि वह संजय राउत के बेहद करीबी लोगों में हैं। वह एक बिजनेसमैन हैं और मुंबई में कंस्ट्रक्शन कंपनी चलाते हैं। इसी कंपनी पर आरोप है कि उसने तमाम अवैध काम किए। ईडी ने कहा कि संजय राउत की तरफ से ही उसने चॉल निर्माण प्रोजेक्ट में भूमिका निभाई और इसके बदले संजय राउत को लाभ भी दिया गया। संजय राउत की पत्नी वर्षा राउत की भी नजदीकी इस कंपनी से बताई गई है। कहा जा रहा है कि इस परिवार को नियमित रूप से आर्थिक लाभ दिया गया। इससे पहले प्रवीण राउत का नाम दिसंबर 2020 में पीएमसी बैंक घोटाले में भी सामने आया था और तब भी इनके संजय राउत परिवार का करीबी होने की बात कही गई थी। ईडी ने पिछले साल प्रवीण राउत की 72 करोड़ रुपये की संपत्ति भी जब्त की थी और उनकी पत्नी माधुरी राउत से पूछताछ की थी।


व्यापार बढ़ाने के लिए सियासी तड़का

प्रवीण राउत का पिछले कुछ सालों में महाराष्ट्र से लेकर दिल्ली तक प्रभाव बढ़ा है। ब्यूरोक्रेसी में ही नहीं, राजनेताओं के बीच भी उनकी पैठ साल-दर साल बढ़ती गई। इसका लाभ उठाकर उन्होंने अपने बिजनेस को विस्तार दिया। उनके दूसरे दलों के नेताओं से भी करीबी रिश्ते बताए जाते हैं। प्रवीण मूलत: परदे के पीछे से काम करने वाले व्यक्ति बताए जाते हैं। उन्हें लाइमलाइट में आना पसंद नहीं। संभवत: इसीलिए वह सार्वजनिक जगहों पर बहुत कम दिखते हैं। राष्ट्रीय मीडिया में बड़ी चर्चा इन्हें तभी मिली, जब संजय राउत मामले में उनका लिंक होने की बात ईडी के माध्यम से सामने आई।

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