Monday, 8 August 2022

संजय राउत को जेल में मिलेगा घर का खाना, कस्टडी में जाते समय बोले- 'जय महाराष्ट्र'

मुंबई (Mumbai) की एक विशेष अदालत ने पात्रा चॉल मामले (Patra Chal Case) से जुड़े मनी लॉन्ड्रिंग (Money Laundering Case) के एक मामले में सोमवार को शिवसेना सांसद संजय राउत (Sanjay Raut) को 14 दिन की न्यायिक हिरासत (Judicial Custody) में जेल भेज दिया.


इस दौरान राउत के वकील ने उनको जेल का खाना दिये जाने की मांग की. राउत के वकील ने कोर्ट को उनके मेडिकल पेपर दिखाए जिस पर कोर्ट उनको जेल में दवा और घर का खाना देने पर राजी हो गई. उनके मेडिकल पेपर में शिवसेना सांसद के हार्ट पेशेंट होने की बात कही गई है. 


ईडी को जांच में अब तक क्या मिला?

ईडी ने दावा किया है कि पात्रा चाल मामले से जुड़ी जांच के दौरान मनी लॉन्ड्रिंग मामले में राउत और उनकी पत्नी वर्षा की संदिग्ध भूमिका है. ईडी सूत्रों ने बताया कि जांच में सामने आया है की अलीबाग में कुछ लोगों पर उनकी जमीन शिवसेना सांसद संजय राउत को बेचने का दबाव डाला गया था. ED ने कुछ जमीन के मालिकों का बयान PMLA की धारा 50 के तहत दर्ज किया. इस बयान में जमीन मालिकों ने कहा कि उन्होंने जमीन बेची जिसके लिए उनको कैश में रकम दी गई.


'संजय राउत की पत्नी के अकाउंट में आये थे पैसे'

ईडी ने प्रवीण राउत के करीबी का बयान 7 अगस्त को दर्ज किया. जिसने उनको बताया कि प्रवीण राउत ने संजय राउत को कैश में पैसे दिये थे. वर्षा राउत के अकाउंट में 1.08 करोड़ रुपए आए थे. ये पैसे 3 अकाउंट से आए थे जिसकी जांच ईडी कर रही है. ईडी ने कोर्ट को बताया कि कुछ ऐसी जानकारी जो सिर्फ संजय राउत को पता है, उसके बारे में संजय राउत से पूछताछ की गई पर संजय राउत ने इसका ठीक से जवाब नहीं दिया.



सोमवार को अदालत में पेश किये गये थे राउत

आपको बता दें कि सेामवार को ईडी की हिरासत समाप्त होने पर धन शोधन रोकथाम कानून (पीएमएलए) के विशेष न्यायाधीश एमजी देशपांडे की अदालत में पेश किया गया था. ईडी ने उनकी हिरासत अवधि बढ़ाए जाने की मांग नहीं की.


इसके बाद न्यायाधीश ने संजय राउत (Sanjay Raut) को न्यायिक हिरासत (Judicial Custody) में भेज दिया. ईडी (ED) की जांच पात्रा ‘चॉल’ के पुनर्विकास (Patra Chawl Scam) में कथित वित्तीय अनियमितताओं और राउत की पत्नी और साथियों से संबंधित वित्तीय लेनदेन (Economic Transaction) से जुड़ी है.

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