Thursday, 28 July 2022

कोविड मरीजों के लिए बनाए गए 8 जंबो कोविड सेंटर होंगे बंद, जानिए BMC ने क्यों लिया ये फैसला

Mumbai : मुंबई में रोजाना के कोरोना मामलों (Coronavirus Cases) में कमी आने आने के बाद बीएमसी (BMC) ने आठ जंबो कोविड सेंटर (Jumbo Covid Centre) को बंद करने का फैसला किया है. बीएमसी ने मुंबई स्थित आठ जंबो कोविड केंद्रों को चरणबद्ध तरीके बंद करने की योजना बनाई है. जहां पहले चरण में कंजूरमार्ग स्थित कोविड सेंटर, गोरेगांव स्थित नेस्को और दहिसर स्थित कोविड सेंटर पहले ही बंद हो चुके हैं. इनके अलावा बांद्रा स्थित बीकेसी, एनएससीआई वर्ली, रिचर्डसन क्रुड्स भायकला, मुलुंड और मलाड स्थित कोविड सेंटर को बंद किया जाएगा.        

आपको बता दें कि जंबो कोविड सेंटर में मरीजों की संख्या कम होने के कारण बीएमसी ने यह निर्णय लिया है. हालांकि सेवन हिल्स अस्पताल में 1850 बेड्स की क्षमता का कोविड केंद्र शुरू रहेगा. वहीं कस्तूरबा अस्पताल में 300 बेड्स की क्षमता वाला कोविड केंद्र को बंद नहीं किया जाएगा. बीएमसी ने 4 मेजर अस्पताल के साथ 16 पेरीफेरल अस्पताल भी शुरू रखने का निर्णय लिया है, ताकि भविष्य में अगर मामले फिर से बढ़ते है तो बीएमसी के इन अस्पतालों में मरीजों का इलाज किया जायेगा. 

हर महीने एक जंबो कोविड सेंटर पर आता है इतना खर्चा

बीकेसी जंबो कोविड सेंटर मुंबई और एशिया का सबसे बड़ा कोविड सेंटर है. यह कोविड सेंटर 2 से 3 एकड़ की जमीन पर फैला हुआ है. हर महीने प्रति कोविड केंद्र में 2 से 3 करोड़ रुपयों का खर्चा होता था. मुंबई में कोविड के मरीजों की संख्या कम होने के कारण बीएमसी ने अधिकतर कोविड केंद्रों को बंद करने का निर्णय लिया है. 

मुंबई में कोरोना के आंकड़ों की बात करे तो कल 283 कोरोना के नए मामले सामने आए.  जिसमें से 93% मरीजों में कोरोना के कोई लक्षण नहीं देखे गए. वहीं, 20 लोग अस्पताल में भर्ती हुए और 5 लोगों को ऑक्सिजन की जरूरत पड़ी. कल मुंबई में कोरॉना के कारण 2 लोगो की मौत हुई. मुंबई में 24732 बेड्स में से 201 बेड्स फिलहाल उपयोग में है. मुंबई में एक्टिव पेशेंट की संख्या 1798 है. मुंबई की रिकवरी रेट है 98% है. 

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