Thursday, 28 July 2022

मुंबई में 1 अगस्त से टैक्सी मिलने में हो सकती है दिक्कत, ड्राइवरों ने हड़ताल का किया है आह्वान, जानिए- क्या है वजह

Mumbai: मुंबई में जिस तरह लोकल ट्रेनें मुंबईकरों की लाइफलाइन मानी जाती है वहीं महानगर की सड़कों पर दौड़ने वाली काली-पीली टैक्सियां भी काफी अहम मानी जाती है. लेकिन 1 अगस्त से मुंबईवासियों को टैक्सियां मिलने में मुश्किल हो सकती है. दरअसल मुंबई टैक्सीमैन यूनियन ने सरकार द्वारा किराया वृद्धि पर कोई निर्णय नहीं लेने के विरोध में 1 अगस्त को टैक्सी हड़ताल का आह्वान किया है.

ऑटो रिक्शा यूनियनों ने भी किराए में बढ़ोतरी की मांग की है

गौरतलब है कि मुंबई में टैक्सी यूनियन ने किराए में 10 रुपये की बढ़ोतरी की मांग की है यानी न्यूनतम 25 रुपये से 35 रुपये. वहीं कुछ ऑटोरिक्शा यूनियनों ने कहा कि वे 31 जुलाई तक सरकार द्वारा किराए में बढ़ोतरी का इंतजार करेंगे, ऐसा नहीं करने पर वे भी टैक्सियों की हड़ताल का समर्थन कर सकते हैं.ऑटो यूनियन न्यूनतम किराए में 3 रुपये की बढ़ोतरी की उम्मीद कर रहे हैं यानी 21 रुपये से 24 रुपये तक. सूत्रों ने कहा कि एमएमआरटीए (मुंबई मेट्रोपॉलिटन रीजन ट्रांसपोर्ट अथॉरिटी) इस हफ्ते एक बैठक कर सकती है ताकि यह तय किया जा सके कि मुंबई में टैक्सी और ऑटो को किराए में बढ़ोतरी दी जाए या नहीं.

किराए में बढ़ोतरी की मांग जायज- टैक्सी यूनियन नेता

वहीं टैक्सी यूनियन के नेता एएल क्वाड्रोस ने कहा, "इसकी बहुत जरूरत है क्योंकि 2021 में अंतिम किराया संशोधन के बाद सीएनजी की दर 48 रुपये से बढ़कर 80 रुपये हो गई है." उन्होंने कहा कि खटुआ समिति ने सरकार से सिफारिश की थी कि यदि पिछले किराए में संशोधन के बाद सीएनजी में 25% से अधिक की वृद्धि की जाती है, तो टैक्सी का किराया तुरंत संशोधित किया जाए. उन्होंने कहा, "हमारी बढ़ोतरी की मांग जायज है." उन्होंने कहा कि भारी ईंधन और रखरखाव लागत के कारण कैबियों को रोज 300 रुपये का नुकसान होता है.

ट्रैफिक पुलिस द्वारा लगाए गए भारी जुर्माने का भी विरोध

टैक्सी यूनियन के नेता क्वाड्रोस ने ट्रैफिक पुलिस द्वारा लगाए गए भारी जुर्माने का भी विरोध किया. उन्होंने मांग की, "हमारे ड्राइवर दिन की कमाई से ज्यादा जुर्माना अदा करते हैं. इसमें से ज्यादातर नो-पार्किंग जोन में पार्किंग के कारण होता है. सरकार को हमारे ड्राइवरों को ई-चालान भेजने के बजाय हमें पार्किंग के लिए अधिक स्टैंड आवंटित करना चाहिए." क्वाड्रोस ने ये भी कहा कि परिवहन विभाग और सरकार को लिखे गए उनके अनुरोध और पत्र अनसुने रह गए हैं और इसलिए उन्होंने मुंबई में हड़ताल का आह्वान किया है. उन्होंने कहा, "मैंने व्यक्तिगत रूप से ऑटो यूनियनों से हमारे विरोध में शामिल होने की अपील की है."

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