Friday, 3 December 2021

Maharashtra: मनी लॉन्ड्रिंग मामले में बॉम्बे हाईकोर्ट ने खारिज की शिवसेना के पूर्व सांसद आनंदराव अडसुल की अग्रिम जमानत

 


  • Edited By: मोहित मुदगल
Maharashtra: मनी लॉन्ड्रिंग मामले में बॉम्बे हाईकोर्ट ने खारिज की शिवसेना के पूर्व सांसद आनंदराव अडसुल की अग्रिम जमानत
शिवसेना के पूर्व सांसद आनंदराव अडसुल

बॉम्बे हाईकोर्ट (Bombay High Court) ने मनी लॉन्ड्रिंग (Money Laundering) मामले में शिवसेना के पूर्व सांसद आनंदराव अडसुल की अग्रिम जमानत याचिका खारिज कर दी है. बॉम्बे हाईकोर्ट ने शिवसेना नेता और पूर्व सांसद आनंदराव अडसुल की याचिका पिछले महीने भी खारिज कर दी थी. जिसमें उन्होंने प्रवर्तन निदेशालय द्वारा उनके खिलाफ दर्ज एक मामले को चुनौती दी थी. ये मामला महानगर के एक को-ऑपरेटिव बैंक में 980 करोड़ रुपए के कथित धोखाधड़ी से जुड़ा हुआ है.

न्यायमूर्ति नितिन जमादार और न्यायमूर्ति सांरग कोतवाल की पीठ ने अडसुल की याचिका खारिज करते हुए कहा कि अगर उन्हें गिरफ्तारी का डर है तो वह विशेष अदालत में अग्रिम जमानत की याचिका दायर कर सकते हैं. अडसुल ने पिछले महीने की शुरुआत में उच्च न्यायालय में याचिका दायर करके प्रवर्तन निदेशालय की ओर से पूछताछ के लिए भेजे गए समन और मामले को चुनौती दी थी.

राजनीतिक विरोधियों के इशारे पर हो रही है कार्रवाई

अडसुल के वकील अभिनव चंद्रचूड़ ने अदालत से कहा कि ईडी की तरफ से शुरू की गई कार्रवाई राजनीतिक विरोधियों के इशारे पर हो रही है, जिसमें केंद्र में सत्तारूढ़ दल (भाजपा) की भी मिलीभगत है. चंद्रचूड ने अदालत से कहा कि अमरावती से लोकसभा की सदस्य नवनीत राणा के पति रविराणा की शिकायत के आधार पर प्रवर्तन निदेशालय ने ये कार्रवाई शुरू की है.

हाईकोर्ट ने जाति प्रमाण पत्र किया रद्द

याचिका में यह भी कहा गया है कि अडसुल ने ही पहले नवनीत कौर राणा के जाति प्रमाण पत्र के खिलाफ याचिका दायर की थी और हाईकोर्ट ने इस साल के शुरू में उनका जाति प्रमाण पत्र रद्द कर दिया था. याचिका में कहा गया था कि महानगर पुलिस की आर्थिक अपराध शाखा (ईओडब्ल्यू) द्वारा मामले में दर्ज प्राथमिकी में अडसुल मुख्य शिकायतकर्ता हैं. धनशोधन का मामला बैंक में ऋण वितरण और अन्य वित्तीय लेन-देन में 980 करोड़ रुपए की कथित अनियमितताओं को लेकर मुंबई पुलिस के ईओडब्ल्यू द्वारा दर्ज प्रथम सूचना रिपोर्ट (एफआईआर) पर आधारित है.

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